BJP CJP Meeting: देशभर में नीट पेपर लीक मामले को लेकर विरोध प्रदर्शन जारी है। इसको लेकर दिल्ली के संविधान क्लब में कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के नेता और केन्द्र सरकार के प्रतिनिधियों केन्द्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेन्द्र सिंह के बीच बैठक हुई। यह करीब 50 मिनट तक चली और सीजेपी की ओर से केन्द्र की मोदी सरकार के सामने तीन मांगें रखी गई, जिनमें से दो मागों पर सरकार ने सकारात्मक रुख अपनाया है, जबकि पार्टी शिक्षा मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान के इस्तीफे पर अड़ी हुई है।
बीजेपी और सीजेपी के बीच बैठक समाप्त होने पर कॉकरोच जनता पार्टी का बयान सामने आया है। जिसके अनुसार, पार्टी ने अपनी तीन प्रमुख मांगें सरकार के सामने रखीं। वो 3 मांगें हैं- शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा या बर्खास्तगी, नीट पेपर लीक के बाद कथित तौर पर आत्महत्या करने वाले छात्रों के परिवारों को एक-एक करोड़ रुपए का मुआवजा और 20 जुलाई के संसद मार्च में शामिल प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज एफआईआर को रद्द करना।
सीजेपी ने अपने बयान में कहा कि, सरकार ने तीन में से दो मांगों पर सकारात्मक रुख अपनाया है। सरकार ने हमें मुआवजे और एफआईआर वाली मांग पर आश्वासन दिया है लेकिन धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को लेकर बात नहीं बनी। इस मुद्दे पर हमें कोई आश्वासन नहीं दिया गया। पार्टी ने अपना रुख स्पष्ट करते हुए कहा कि हम धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को लेकर अडिग है और जब तक शिक्षा मंत्री अपने पद से इस्तीफा नहीं दे देते, तब तक पार्टी का विरोध-प्रदर्शन जारी रहेगा।
